ALL संपादकीय पुस्तक कहानी कविताएँ ग़ज़लें लघुकथा लेख पत्रांश साहित्य नंदनी बिरासत
महामारी
April 6, 2020 • निशा नंदिनी भारतीय • कविताएँ

निशा नंदिनी भारतीय, तिनसुकिया, असम, 9435533394


इतने तो अनपढ़ नहीं


जो समझें ना यह बात,
महामारी फैली बड़ी
राष्ट्र का दे-दे साथ।

राष्ट्रभक्त होने का यह
सबसे बड़ा अवसर,
रहें सुरक्षित अपने घर-पर
व्यर्थ ना घूमें बाहर।

नर-नारी बच्चा-बूढ़ा
सबकी जिम्मेदारी,
करें पालन नियमों का
दे अपनी हिस्सेदारी।

योगा- व्यायाम करके
शरीर स्वस्थ बनाएं,
देखभाल वृक्षों की करें
पक्षियों संग टर्राएं।

शाकाहारी भोजन से
सकारात्मकता पाएं,
सौर -ऊर्जा लेकर के
वायरस दूर भगाएं।

परिवार- संग बैठें
मकान को घर बनाएं,
क्रियात्मक कार्यों से
तन-मन हर्षाएं।